
खबर का असर! दैनिक आवाज की खबर के बाद अवैध कोयला परिवहन पर बड़ी कार्रवाई
सौरभ की चेतावनी के बाद एक्शन तेज, 5 हाइवा जब्त; कोयले के स्रोत और गंतव्य की
जांच शुरू
लातेहार/बालूमाथ। जिले में कथित अवैध कोयला उत्खनन और परिवहन के मुद्दे पर ‘दैनिक आवाज’ में खबर प्रकाशित होने के बाद अब कार्रवाई की खबर सामने आई है। बालूमाथ थाना क्षेत्र में पुलिस, CISF और CCL की संयुक्त कार्रवाई में कोयला लदे पांच हाइवा वाहनों को जब्त किया गया है। हालांकि, उपलब्ध आधिकारिक जानकारी के आधार पर इस कार्रवाई को सीधे तौर पर किसी एक मीडिया रिपोर्ट का परिणाम बताना अभी पुष्टि योग्य नहीं है।
बताया गया कि 5 अक्टूबर की सुबह मगध परियोजना क्षेत्र के आसपास संयुक्त टीम ने कार्रवाई की। CISF के अनुसार, ओझा टांड़ी गांव के पास वन क्षेत्र में कोयला चोरी और अवैध डंपिंग की सूचना पर अभियान चलाया गया, जिसमें करीब 250 टन कोयला लदे पांच हाइवा पकड़े गए। वाहन और कोयला आगे की कानूनी कार्रवाई के लिए बालूमाथ पुलिस को सौंपे गए हैं।
सौरभ श्रीवास्तव ने उठाया था अवैध कोयले का मुद्दा
इस कार्रवाई से पहले JMM नेता सौरभ श्रीवास्तव ने लातेहार में कथित अवैध कोयला कारोबार को लेकर कड़ा बयान दिया था। उन्होंने अवैध कोयला उत्खनन और कारोबार पर रोक लगाने की बात कही थी।
अब पांच हाइवा की जब्ती के बाद यह मामला फिर चर्चा में है। हालांकि, सौरभ के बयान और कार्रवाई के बीच प्रत्यक्ष कारण-सम्बंध की आधिकारिक पुष्टि अभी सामने नहीं आई है।
अब असली सवाल—कोयला आया कहां से और जाना कहां था?
पुलिस द्वारा जब्त वाहनों के कागजात और कोयले के स्रोत की जांच की जा रही है। जांच में यह पता लगाने की कोशिश होगी कि कोयला कहां से लाया गया था और उसका गंतव्य क्या था।
यदि जांच में अवैध परिवहन या किसी बड़े नेटवर्क की भूमिका सामने आती है तो आगे और कार्रवाई हो सकती है।
दैनिक आवाज 24 न्यूज की खबर का असर?
अवैध कोयला कारोबार को लेकर ‘दैनिक आवाज’ ने लगातार सवाल उठाए थे। अब पांच हाइवा की जब्ती की कार्रवाई सामने आने के बाद इसे “दैनिक आवाज की खबर के बाद कार्रवाई” के रूप में स्थानीय स्तर पर देखा जा रहा है। लेकिन निष्पक्ष रूप से कहा जाए तो प्रशासनिक रिकॉर्ड के अनुसार कार्रवाई पुलिस, CISF और CCL की संयुक्त टीम ने की है।
अब नजर इस बात पर है कि पांच हाइवा की जब्ती के बाद जांच कहां तक पहुंचती है और क्या कार्रवाई सिर्फ वाहनों तक सीमित रहती है या अवैध परिवहन से जुड़े अन्य लोगों तक भी पहुंचती है।




