
Jharkhand: अनिश्चितकालीन बंद,खूंटी में तनाव चरम पर, मुरहू हिंसा के विरोध में 10 लोगों पर केस दर्ज !

झारखण्ड खूंटी :* खूंटी जिले के मुरहू में हुई हिंसक झड़प के बाद हालात अभी भी तनावपूर्ण बने हुए हैं। शनिवार को हुई पथराव की घटना ने पूरे इलाके का माहौल गरमा दिया है। गांव से लेकर शहर तक लोगों में आक्रोश साफ देखा जा रहा है। इसी बीच रविवार को सर्व सनातन समाज की बैठक में बड़ा फैसला लिया गया और पूरे खूंटी जिले में अनिश्चितकालीन बंद का ऐलान कर दिया गया। बंद की शुरुआत दोपहर से ही कर दी गई, जिसका असर बाजारों और सड़कों पर दिखने लगा।
*बाजार बंद कराने निकले लोग, थाना पहुंचकर किया प्रदर्शन*
बैठक से पहले समाज के लोग शहर में घूम-घूमकर दुकानों को बंद कराते नजर आए। इसके बाद सैकड़ों की संख्या में लोग पूर्व मंत्री नीलकंठ सिंह मुंडा के नेतृत्व में खूंटी थाना पहुंचे। वहां उन्होंने डीएसपी वरुण रजक से मुलाकात कर अपनी मांगें रखीं। प्रदर्शन के दौरान लोगों ने पुलिस कार्रवाई पर नाराजगी जताई और जमकर विरोध किया।
*बिना शर्त रिहाई की मांग,*
पुलिस कार्रवाई पर उठे सवाल
प्रदर्शनकारियों की मुख्य मांग थी कि गिरफ्तार किए गए लोगों को बिना शर्त तुरंत छोड़ा जाए। साथ ही पुलिस की कार्रवाई पर रोक लगाने की भी मांग की गई। पूर्व मंत्री नीलकंठ सिंह मुंडा ने कहा कि निर्दोष लोगों को परेशान किया जा रहा है, जिसे किसी भी हाल में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने घटना की निंदा करते हुए प्रशासन से निष्पक्ष कार्रवाई की मांग की।

*डीएसपी बोले: साक्ष्य के आधार पर हो रही कार्रवाई*
वहीं दूसरी तरफ प्रशासन ने साफ किया है कि कार्रवाई पूरी तरह तथ्यों और शिकायतों के आधार पर की जा रही है। डीएसपी वरुण रजक ने बताया कि दोनों पक्षों से मिले आवेदन के आधार पर कुछ लोगों को हिरासत में लिया गया है। फिलहाल दो लोगों के खिलाफ पर्याप्त साक्ष्य मिले हैं, जबकि अन्य को छोड़ने की प्रक्रिया चल रही है। उन्होंने कहा कि जांच जारी है और दोषी पाए जाने पर ही आगे की कार्रवाई होगी।
*लोगों से शांति बनाए रखने की अपील*
प्रशासन की ओर से लगातार लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की जा रही है। डीएसपी ने साफ कहा कि किसी भी तरह की अफवाह पर ध्यान न दें और कानून अपने हाथ में लेने से बचें। उन्होंने चेतावनी दी कि माहौल बिगाड़ने की कोशिश करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
*अब तक 10 केस दर्ज, दोनों पक्षों ने दी शिकायत*
इस पूरे मामले में अब तक मुरहू थाना में कुल 10 प्राथमिकी दर्ज की जा चुकी हैं, जिनमें तीन मामले प्रशासन की ओर से दर्ज किए गए हैं। अलग-अलग संगठनों और पक्षों ने भी प्रशासन को अपनी-अपनी शिकायतें सौंपी हैं। एक पक्ष ने हमले की नीयत से मारपीट का आरोप लगाया है, तो दूसरे पक्ष ने कानून-व्यवस्था और जुलूस को लेकर सवाल खड़े किए हैं।
*प्रशासन अलर्ट, हालात पर नजर*
घटना के बाद से प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड में है। जिले में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है और संवेदनशील इलाकों पर खास नजर रखी जा रही है। अधिकारी लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए हैं ताकि किसी भी तरह की अप्रिय घटना को रोका जा सके।




