
*स्वस्थ समाज रचना की दिशा में आचार्य कुल का प्रयास सराहनीय — डॉ राज कुमार शर्मा*
रांची :आचार्य कुल झारखंड प्रांत द्वारा प्रकाशित की जा रही विषय केंद्रित स्मारिका “स्वस्थ समाज रचना : दशा एवं दिशा” के लिए डोरंडा महाविद्यालय, रांची के प्राचार्य डॉ राज कुमार शर्मा ने शुभकामना संदेश प्रदान किया। इस अवसर पर आचार्य कुल झारखंड के महामंत्री डॉ ओम प्रकाश ने उनसे शिष्टाचार भेंट कर स्मारिका प्रकाशन के उद्देश्य एवं संगठन की गतिविधियों की जानकारी दी।
प्राचार्य डॉ राज कुमार शर्मा ने आचार्य कुल झारखंड प्रांत अधिवेशन 29–30 अप्रैल 2026 की भव्य सफलता पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि वर्तमान समय में समाज को सकारात्मक दिशा देने हेतु स्वस्थ समाज निर्माण, नैतिक मूल्यों, भारतीय संस्कृति एवं ग्राम स्वराज्य आधारित चिंतन की अत्यंत आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि “आचार्यकुल संदेश” जैसी वैचारिक स्मारिका समाज में जागरूकता, संवाद एवं रचनात्मक चेतना को सुदृढ़ करने का प्रभावी माध्यम बनेगी।

उन्होंने आचार्य विनोबा भावे के विचारों को आज के समय में अत्यंत प्रासंगिक बताते हुए कहा कि “जय जगत” का संदेश विश्वबंधुत्व एवं मानव कल्याण की भावना को मजबूत करता है। ज्ञातव्य है कि आचार्य विनोबा भावे द्वारा 8 मार्च 1968 को कहलगांव में स्थापित आचार्य कुल का मूल मंत्र “जय जगत”, लक्ष्य विश्व शांति एवं तंत्र ग्राम स्वराज्य रहा है।
इस अवसर पर डॉ ओम प्रकाश ने डोरंडा महाविद्यालय परिवार के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि आचार्य कुल झारखंड प्रांत शिक्षा, संस्कृति एवं सामाजिक चेतना के क्षेत्र में निरंतर सक्रिय भूमिका निभाता रहेगा।
जय जगत।



